Sunday, 5 April 2026

DEOrbit - SI Answer Key Table

DEOrbit Learning Platform

Rajasthan SI Exam (5th April 2026) - Final Answer Key

Q. No. Ans Q. No. Ans Q. No. Ans Q. No. Ans
14263514763
23273524773
33284532782
43293544791
52304551804
63314563813
73322571822
83334582831
92342592841
104354602851
114361614861
124374623871
131382634883
144392644893
154402651902
161412663913
174422671924
18343*682932
192444694943
204454704952
211462714962
221471724971
232482733982
243492743994
2535047511004
* Note: Question 43 me options me ambiguity hai isliye ise (*) mark kiya gaya hai (Detailed solution me iski vyakhya di gayi hai).
Powered by DEOrbit.cloud

DEOrbit Solution - SI Exam Answer Key

DEOrbit Detailed Solutions

Rajasthan Sub Inspector Genaral Hindi - 5th April 2026

1. किस विकल्प में शुद्ध वाक्य है ?
(1) वह नदी में पानी भरने गयी है。
(2) वह कुरता डालकर गया है।
(3) कई स्थलों में ऐसा बताया गया है。
(4) इन दोनों घरों के बीच एक दीवार है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) इन दोनों घरों के बीच एक दीवार है।
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (4) पूर्णतः व्याकरणिक दृष्टि से शुद्ध है। अन्य विकल्पों में कारक और क्रिया सम्बन्धी अशुद्धियाँ हैं:
  • विकल्प (1): 'नदी में' अशुद्ध है। सही प्रयोग 'नदी से' होना चाहिए। (वह नदी से पानी भरने गयी है।)
  • विकल्प (2): 'कुरता डालकर' अशुद्ध है। सही प्रयोग 'कुरता पहनकर' होना चाहिए।
  • विकल्प (3): 'स्थलों में' अशुद्ध है। सही प्रयोग 'स्थलों पर' होना चाहिए। (कई स्थलों पर ऐसा बताया गया है।)
2. किस विकल्प में शुद्ध वाक्य नहीं है ? (अर्थात अशुद्ध वाक्य चुनें)
(1) वह संगीत सीखती है और हिन्दी पढ़ती है।
(2) जीवन और साहित्य का घनिष्ठ सम्बन्ध है。
(3) इसको दंगा कहकर पुकारना अनुचित है।
(4) घर में कैसा वातावरण है。
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) इसको दंगा कहकर पुकारना अनुचित है।
विस्तृत व्याख्या: इस वाक्य में अनावश्यक 'पुनरुक्ति दोष' (Redundancy) है। 'कहना' और 'पुकारना' दोनों का अर्थ एक ही है, इसलिए एक ही वाक्य में दोनों का प्रयोग अशुद्ध है।
शुद्ध रूप: 'इसे दंगा कहना अनुचित है।' (अन्य सभी वाक्य पूर्णतः शुद्ध हैं।)
3. किस विकल्प में अशुद्ध वाक्य है?
(1) वे इसे न समझ सकते हैं, न बोल सकते हैं。
(2) यदि मेरी सुनें तो कभी न जायें ।
(3) पुस्तक विद्वतापूर्ण लिखी गयी ।
(4) छात्र दृढ़ता से संगठित रहे ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) पुस्तक विद्वतापूर्ण लिखी गयी ।
विस्तृत व्याख्या: यहाँ क्रिया ('लिखी गयी') की विशेषता बताने के लिए रीतिवाचक क्रियाविशेषण (Adverb) का प्रयोग होना चाहिए, जबकि 'विद्वतापूर्ण' एक विशेषण (Adjective) है।
शुद्ध रूप: 'पुस्तक विद्वतापूर्वक लिखी गयी।'
4. किस विकल्प में शुद्ध वाक्य है ?
(1) एकमात्र दो उपाय हैं।
(2) वह उदास चेहरे से चल दिये。
(3) देश में सर्वत्र शान्ति है。
(4) यह पत्र आपके अनुसार है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) देश में सर्वत्र शान्ति है।
विस्तृत व्याख्या:
  • (1) 'एकमात्र' और 'दो' एक साथ नहीं आ सकते (विरोधाभास)। सही: 'केवल दो उपाय हैं।'
  • (2) कर्ता 'वह' एकवचन है, तो क्रिया भी एकवचन होगी। सही: 'वह उदास चेहरे से चल दिया' या 'वे उदास चेहरे से चल दिए।'
  • (4) पत्र व्यक्ति के 'अनुसार' नहीं बल्कि 'अनुकूल' या 'अनुरूप' होता है। सही: 'यह पत्र आपके अनुकूल है।'
5. निर्देशक चिह्न (—) के प्रयोग के संबंध में असंगत है -
(1) किसी विषय के साथ तत्संबंधी अन्य बातों की सूचना देने में
(2) किसी के वाक्यों को उद्धृत करने के पश्चात्
(3) बातचीत में रुकावट सूचित करने के लिए
(4) किसी वाक्य में भाव का अचानक परिवर्तन होने पर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) किसी के वाक्यों को उद्धृत करने के पश्चात्
विस्तृत व्याख्या: सामान्यतः किसी के वाक्य को उद्धृत (Quote) करने से पूर्व निर्देशक चिह्न का प्रयोग होता है (जैसे: गाँधी जी ने कहा — "करो या मरो")। उद्धृत करने के 'पश्चात्' (बाद में) इसका प्रयोग नहीं होता। अन्य सभी स्थितियों में निर्देशक चिह्न (Dash) का प्रयोग व्याकरण सम्मत है।
6. जब कई शब्दभेद जोड़े से आते हैं, तब प्रत्येक जोड़े के बाद किस विराम चिह्न का प्रयोग होता है ?
(1) पूर्णविराम
(2) कोष्ठक
(3) अल्पविराम
(4) अर्द्धविराम
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) अल्पविराम ( , )
विस्तृत व्याख्या: शब्दों के एक जोड़े के बीच योजक चिह्न (-) लगता है, लेकिन जब ऐसे कई जोड़े एक साथ आते हैं तो प्रत्येक जोड़े को अलग करने के लिए अल्पविराम (,) का प्रयोग होता है।
उदाहरण: "संसार में दिन-रात, सुख-दुख, पाप-पुण्य, आते-जाते रहते हैं।"
7. 'न जाने अब आगे चलकर क्या होगा।' इस वाक्य के अन्त में निम्नलिखित में से उपयुक्त विराम चिह्न होगा :
(1) प्रश्न चिह्न
(2) लाघव चिह्न
(3) पूर्णविराम चिह्न
(4) विस्मय-सूचक चिह्न
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) पूर्णविराम चिह्न ( । )
विस्तृत व्याख्या: यद्यपि इस वाक्य में 'क्या' शब्द आया है, लेकिन "न जाने..." लगने के कारण यह वाक्य प्रत्यक्ष रूप से किसी से प्रश्न नहीं पूछ रहा है, बल्कि मन का संदेह या अनिश्चय प्रकट कर रहा है। ऐसे अप्रत्यक्ष प्रश्नों वाले वाक्यों के अंत में प्रश्नवाचक चिह्न (?) की बजाय पूर्णविराम (।) का प्रयोग व्याकरण के नियमानुसार शुद्ध माना जाता है।
8. किस वाक्य में विराम चिह्नों का समुचित प्रयोग नहीं हुआ है ?
(1) वे नदी, नाले पार करते चले ।
(2) वाह ! उसने तो तुम्हें अच्छा धोखा दिया !
(3) कैसा? बेहूदा आदमी है ?
(4) देखिए, कैसा सुगम शब्द बन गया !
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) कैसा? बेहूदा आदमी है ?
विस्तृत व्याख्या: इस वाक्य में 'कैसा' शब्द 'बेहूदा आदमी' की विशेषता (विस्मय या तीव्रता) बताने के लिए प्रयुक्त हुआ है, यह कोई अलग प्रश्न नहीं है। अतः 'कैसा' के तुरंत बाद प्रश्नवाचक चिह्न (?) लगाना सर्वथा अशुद्ध है।
शुद्ध रूप: 'कैसा बेहूदा आदमी है!'
9. 'गरदन उठाना' मुहावरे का निकटतम अर्थ है -
(1) दबाव डालना
(2) विरोध करना
(3) जिम्मेदार होना
(4) उत्तरदायित्व लेना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) विरोध करना
विस्तृत व्याख्या: 'गरदन उठाना' या 'सिर उठाना' मुहावरे का अर्थ होता है - किसी के खिलाफ बगावत करना, सामना करना या प्रतिवाद/विरोध करना।
10. किसी रचना का रूपांतर करने में बाहर से लगाए गए शब्दों के साथ किस विराम चिह्न का प्रयोग किया जाता है ?
(1) तुल्यतासूचक
(2) स्थानपूरक
(3) अवतरण चिह्न
(4) कोष्ठक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) कोष्ठक
विस्तृत व्याख्या: जब हम किसी रचना का अनुवाद (रूपांतर) करते हैं और वाक्य का अर्थ पूर्ण रूप से स्पष्ट करने के लिए अपनी ओर से कुछ ऐसे शब्द जोड़ते हैं जो मूल पाठ में नहीं थे, तो व्याकरण के नियमानुसार उन्हें कोष्ठक (Brackets - [ ] या ( )) के अंदर रखा जाता है।
11. 'तालू में दाँत जमना' मुहावरे का निकटतम अर्थ है -
(1) रोब दिखाना
(2) क्रोध में चूर होना
(3) उपहास होना
(4) दुर्दशा के लक्षण प्रकट होना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) दुर्दशा के लक्षण प्रकट होना
विस्तृत व्याख्या: तालू में दांत निकलना एक अस्वाभाविक स्थिति है। मुहावरे के रूप में इसका प्रयोग तब होता है जब किसी के बुरे दिन आने वाले हों या पतन/दुर्दशा के लक्षण दिखाई देने लगें ("विनाशकाले विपरीत बुद्धि" के संदर्भ में)।
12. 'नाक का बाल होना' मुहावरे का निकटतम अर्थ है -
(1) निर्दोष बचे रहना
(2) प्रेम से स्वागत करना
(3) परेशान करना
(4) अधिक प्यारा होना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) अधिक प्यारा होना
विस्तृत व्याख्या: 'नाक का बाल होना' का अर्थ है किसी का अत्यधिक प्रिय होना या अत्यंत घनिष्ठ होना।
13. 'कलेजा पक जाना' मुहावरे का निकटतम अर्थ है -
(1) दुःख सहते-सहते तंग आ जाना
(2) हृदय का निर्बल होना
(3) घबराहट होना
(4) मार्मिक चोट होना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) दुःख सहते-सहते तंग आ जाना
विस्तृत व्याख्या: जब कोई व्यक्ति लगातार कष्ट, परेशानी या ताने सुनते-सुनते मानसिक रूप से थक जाता है या आजिज़ आ जाता है, तो उसे 'कलेजा पक जाना' कहते हैं।
14. 'पौ बारह होना' मुहावरे का निकटतम अर्थ है -
(1) धन होने का गर्व करना
(2) अधिक तारीफ करना
(3) सवेरा होना
(4) हर तरह से लाभ ही लाभ होना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) हर तरह से लाभ ही लाभ होना
विस्तृत व्याख्या: चौपड़ के खेल में 'पौ बारह' सबसे बड़ा दांव होता है। इसलिए इस मुहावरे का अर्थ भारी सफलता मिलना या चारो ओर से अत्यधिक लाभ प्राप्त होना है।
15. लोकोक्ति और उसके अर्थ की दृष्टि से कौन सा विकल्प सुमेलित नहीं है ?
(1) भूखे सियार को सीदा मेवा - भूखे मनुष्य को साधारण भोजन भी बहुत मधुर लगता है।
(2) भूखा सिंह न तिनका खाय - बड़ा आदमी कष्ट आने पर भी छोटा काम नहीं करता।
(3) भूख में गूलर पकवान - भूख लगने पर स्वादहीन भोजन भी स्वादिष्ट मालूम होता है।
(4) भूखा सो रूखा - भूखे व्यक्ति को रूखा-सूखा भी अच्छा लगता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) भूखा सो रूखा - भूखे व्यक्ति को रूखा-सूखा भी अच्छा लगता है।
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (4) का अर्थ गलत सुमेलित है। "भूखा सो रूखा" का वास्तविक अर्थ होता है कि "भूखा व्यक्ति स्वभाव से चिड़चिड़ा (रूखा) हो जाता है" (A hungry man is an angry man)। यहाँ रूखे-सूखे भोजन से इसका अर्थ लेना अशुद्ध है।
16. 'जैसे साँपनाथ वैसे नागनाथ' लोकोक्ति का निम्नलिखित में से निकटतम अर्थ है :
(1) दोनों ही दुष्ट प्रकृति के व्यक्ति होना ।
(2) गुण और दोष के अनुरूप नाम न होना ।
(3) सदैव समान स्थिति में रहना ।
(4) जैसा कर्म करते हैं वैसा ही फल भोगना पड़ता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) दोनों ही दुष्ट प्रकृति के व्यक्ति होना ।
विस्तृत व्याख्या: साँप और नाग दोनों ही विषैले और खतरनाक होते हैं। इस लोकोक्ति का प्रयोग तब होता है जब दो व्यक्ति एक समान दुष्ट, बुरे या खतरनाक प्रकृति के हों।
17. 'ज़मीन सख़्त आसमान दूर' लोकोक्ति का निम्नलिखित में से निकटतम अर्थ होगा :
(1) धन के अभाव में व्यक्ति का सम्मान नहीं होना ।
(2) सुख और दुख सब जगह होते हैं।
(3) कड़वी बोली बोलने से लोग शत्रु हो जाते हैं。
(4) कठिन परिस्थिति में होना ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) कठिन परिस्थिति में होना ।
विस्तृत व्याख्या: जब नीचे सहारा देने के लिए ज़मीन कठोर हो और ऊपर आसरा देने वाला आसमान दूर हो, अर्थात् जब कोई व्यक्ति अत्यंत असहाय, निराश्रय और चारों ओर से कठिन परिस्थिति से घिर जाए, तब इस लोकोक्ति का प्रयोग किया जाता है।
18. 'दमड़ी की अरहर, सारी रात खड़खड़' लोकोक्ति का निम्नलिखित में से निकटतम अर्थ है :
(1) दुर्बल आदमी को सब दबा लेते हैं。
(2) छोटी-सी बात पर बड़ा झगड़ा कर लेना ।
(3) ज़रा से काम को बहुत बढ़ाकर दिखाना ।
(4) व्यय तो अधिक परंतु काम थोड़ा हो ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) ज़रा से काम को बहुत बढ़ाकर दिखाना ।
विस्तृत व्याख्या: 'दमड़ी' पुराने समय का एक बहुत ही छोटा सिक्का (कम मूल्य) था। कम मूल्य (तुच्छ) वस्तु या ज़रा से काम का बहुत अधिक आडंबर करना या दिखावा करने के संदर्भ में यह लोकोक्ति एकदम सटीक बैठती है।
19. 'REPRODUCTION' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द नहीं है -
(1) प्रतिकृति
(2) प्रतिक्रिया
(3) पुनरुत्पादन
(4) प्रतिलिपि
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) प्रतिक्रिया
विस्तृत व्याख्या: 'Reproduction' के अर्थ पुनरुत्पादन (Biology/Manufacturing), प्रतिकृति और प्रतिलिपि (Copy/Facsimile) होते हैं। जबकि 'प्रतिक्रिया' का अंग्रेजी पारिभाषिक शब्द 'Reaction' होता है।
20. 'बावन तोले पाव रत्ती' लोकोक्ति का निम्नलिखित में से निकटतम अर्थ है :
(1) बहुत दरिद्र होना ।
(2) बुढ़ापे में जवानी की उमंग उठना ।
(3) अधिक लोगों द्वारा मिलकर कम काम करना ।
(4) जो हर तरह से बिलकुल ठीक हो ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) जो हर तरह से बिलकुल ठीक हो ।
विस्तृत व्याख्या: प्राचीन तौल प्रणाली में रत्ती और तोला सटीकता के लिए जाने जाते थे। "बावन तोले पाव रत्ती" का मतलब है एकदम खरा और सटीक हिसाब, यानी जो बात या वस्तु हर तरह से बिलकुल ठीक और सत्य हो।
21. 'VERDICT' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द है -
(1) अधिमत
(2) आधार
(3) पूर्वमत
(4) न्याय
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) अधिमत
विस्तृत व्याख्या: प्रशासनिक और विधिक शब्दावली (Legal Glossary) के अनुसार 'Verdict' का प्रामाणिक हिन्दी अनुवाद 'अधिमत' या 'निर्णय' (ज्यूरी द्वारा दिया गया फैसला) होता है।
22. 'RESOLUTION' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द है -
(1) संकल्प
(2) निविदा
(3) मामला
(4) निलंबन
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) संकल्प
विस्तृत व्याख्या: पारिभाषिक शब्दावली में 'Resolution' का अर्थ 'संकल्प' या 'प्रस्ताव' होता है। अन्य शब्दों के अंग्रेजी अर्थ: निविदा (Tender), मामला (Case/Matter), निलंबन (Suspension).
23. 'COMPOSITION' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द नहीं है -
(1) गठन
(2) घटक
(3) रचना
(4) संघटन
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) घटक
विस्तृत व्याख्या: 'Composition' का अर्थ रचना, गठन या संघटन होता है। जबकि 'घटक' के लिए अंग्रेजी पारिभाषिक शब्द 'Component' होता है।
24. 'PURSUIT' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द नहीं है -
(1) कामकाज
(2) अनुसरण
(3) प्रयोज्य
(4) खोज
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) प्रयोज्य
विस्तृत व्याख्या: 'Pursuit' का अर्थ लक्ष्य की खोज (Search), अनुसरण (Following) या किसी विशेष व्यवसाय/कामकाज (Occupational pursuit) से होता है। 'प्रयोज्य' का अंग्रेजी अर्थ 'Applicable' या 'Usable' होता है, अतः यह 'Pursuit' का पारिभाषिक शब्द नहीं है।
25. 'LEGISLATURE' पारिभाषिक शब्द का हिन्दी पारिभाषिक रूप है -
(1) मंत्रिपरिषद्
(2) कार्यपालिका
(3) विधानमंडल
(4) मंत्रिमंडल
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) विधानमंडल
विस्तृत व्याख्या: प्रशासनिक शब्दावली में 'Legislature' का अर्थ 'विधानमंडल' या 'विधायिका' होता है। (मंत्रिपरिषद् = Council of Ministers, कार्यपालिका = Executive, मंत्रिमंडल = Cabinet).
26. 'COMMUNIQUE' का हिन्दी पारिभाषिक शब्द है -
(1) अधिसूचना
(2) कार्यालय आदेश
(3) विज्ञप्ति
(4) निविदा
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) विज्ञप्ति
विस्तृत व्याख्या: 'Communique' (कम्यूनिके) का अर्थ आधिकारिक सूचना या 'विज्ञप्ति' होता है। (अधिसूचना = Notification, कार्यालय आदेश = Office Order, निविदा = Tender).
27. पारिभाषिक शब्दों में कौन सा विकल्प सुमेलित है ?
(1) Superficial - अधीक्षण
(2) Solemn - सत्यनिष्ठा
(3) Sovereign - संप्रभुता
(4) Stipulation - परिनियम
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) Sovereign - संप्रभुता
विस्तृत व्याख्या: केवल 'Sovereign' (संप्रभु/संप्रभुता) सही सुमेलित है। अन्य के सही अर्थ इस प्रकार हैं:
  • Superficial = सतही / छिछला (अधीक्षण = Superintendence)
  • Solemn = गंभीर / विधिवत (सत्यनिष्ठा = Integrity)
  • Stipulation = शर्त / अनुबंध (परिनियम = Statute)
28. निम्नलिखित पारिभाषिक शब्द में से कौन सा विकल्प सुमेलित नहीं है ?
(1) Monopoly - एकाधिकार
(2) Monotony - एकरसता
(3) Monogram - गुंफाक्षर
(4) Monogamy - स्मारक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) Monogamy - स्मारक
विस्तृत व्याख्या: 'Monogamy' का अर्थ 'एकपत्नीत्व' या 'एकविवाह प्रथा' होता है, न कि स्मारक। स्मारक को अंग्रेजी में 'Monument' कहा जाता है। (गुंफाक्षर यानी अक्षरों को गूंथ कर बनाया गया लोगो/चिह्न - Monogram, यह सही है)।
29. अंग्रेजी के हिन्दी पारिभाषिक शब्द की दृष्टि से असंगत विकल्प है -
(1) Adjourn - स्थगित करना
(2) Proceedings - कार्यवाही
(3) Probation - संभाव्य
(4) Postpone - मुल्तवी करना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) Probation - संभाव्य
विस्तृत व्याख्या: 'Probation' का अर्थ 'परिवीक्षा' होता है (जैसे Probationary Officer - परिवीक्षाधीन अधिकारी)। 'संभाव्य' के लिए अंग्रेजी शब्द 'Probable' होता है।
30. संधि-विच्छेद की दृष्टि से सही नहीं है -
(1) भारतेन्दु = भारत + इन्दु
(2) यद्यपि = यदि + अपि
(3) कटूक्ति = कटु + उक्ति
(4) शीतोष्ण = शीत + ऊष्ण
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) शीतोष्ण = शीत + ऊष्ण
विस्तृत व्याख्या: 'शीतोष्ण' का सही संधि-विच्छेद 'शीत + उष्ण' होता है। विकल्प (4) में 'ऊष्ण' (दीर्घ ऊ) दिया गया है जो कि वर्तनी की दृष्टि से अशुद्ध है।
31. संधि से निर्मित गलत शब्द है -
(1) रेखा + अंश = रेखांश
(2) देवी + इच्छा = देवीच्छा
(3) गिरि + इन्द्र = गिरीन्द्र
(4) स्व + ईर = स्वेर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) स्व + ईर = स्वेर
विस्तृत व्याख्या: 'स्व + ईर' गुण संधि का अपवाद है और इससे वृद्धि संधि का रूप 'स्वैर' (स्वैरिणी/स्वैर) बनता है, न कि 'स्वेर'। अतः यह विकल्प गलत निर्मित है।
32. संधि की दृष्टि से त्रुटिरहित विकल्प है -
(1) सदा + एव = सदेव
(2) जित + इन्द्रिय = जितेन्द्रिय
(3) महा + ऐश्वर्य = महेश्वरर्य
(4) जल + ओघ = जलोघ
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) जित + इन्द्रिय = जितेन्द्रिय
विस्तृत व्याख्या: केवल विकल्प (2) पूर्णतः शुद्ध है (गुण संधि)। अन्य में त्रुटियाँ इस प्रकार हैं:
  • (1) सदा + एव = सदैव (वृद्धि संधि), न कि सदेव।
  • (3) महा + ऐश्वर्य = महैश्वर्य (वृद्धि संधि), वर्तनी अशुद्ध है।
  • (4) जल + ओघ = जलौघ (वृद्धि संधि), न कि जलोघ।
33. निम्नलिखित में से किस विकल्प में त्रुटिपूर्ण संधि-विच्छेद है ?
(1) उपेक्षा = उप + ईक्षा
(2) लघूर्मि = लघु + ऊर्मि
(3) व्याम = वि + आम
(4) पित्रिच्छा = पित्र + इच्छा
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) पित्रिच्छा = पित्र + इच्छा
विस्तृत व्याख्या: 'पित्रिच्छा' यण संधि का उदाहरण है। इसका शुद्ध संधि-विच्छेद 'पितृ + इच्छा' होता है। विकल्प में 'पित्र' लिखा है जो कि एक अशुद्ध मूल शब्द है।
34. 'प्र' उपसर्ग से निर्मित शब्द नहीं है -
(1) प्रदत्त
(2) प्रथम
(3) प्रदेश
(4) प्रकाश
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) प्रथम
विस्तृत व्याख्या: 'प्रथम' स्वयं एक पूर्ण मूल शब्द है, इसमें कोई उपसर्ग नहीं जुड़ा है। अन्य सभी शब्दों में 'प्र' उपसर्ग है: प्र + दत्त = प्रदत्त, प्र + देश = प्रदेश, प्र + काश = प्रकाश।
35. तत्पुरुष समास का उदाहरण नहीं है -
(1) भवतारण
(2) कविश्रेष्ठ
(3) ऋणमुक्त
(4) भरपेट
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) भरपेट
विस्तृत व्याख्या: 'भरपेट' का समास विग्रह 'पेट भरकर' होता है। चूँकि इसमें 'भर' अव्यय लगा है, अतः यह अव्ययीभाव समास का उदाहरण है। अन्य सभी तत्पुरुष हैं (भव को तारने वाला, कवियों में श्रेष्ठ, ऋण से मुक्त)।
36. किस विकल्प के सभी शब्द अव्ययीभाव समास के उदाहरण हैं ?
(1) पल-पल, प्रतिदिन
(2) व्यर्थ, प्रतिबिम्ब
(3) यथासंभव, पूर्वकाल
(4) पंचवटी, हाथोंहाथ
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) पल-पल, प्रतिदिन
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (1) के दोनों शब्द (पल-पल = हर पल, प्रतिदिन = दिन-दिन) अव्ययीभाव समास हैं। अन्य विकल्पों में 'पूर्वकाल' (कर्मधारय) और 'पंचवटी' (द्विगु) आ जाने के कारण वे पूर्णतः अव्ययीभाव के युग्म नहीं हैं।
37. शब्द में निहित उपसर्ग की दृष्टि से संगत विकल्प है -
(1) स्वदेश - सु
(2) अलंकार - अ
(3) आरण्यक - आ
(4) संतति - सम्
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) संतति - सम्
विस्तृत व्याख्या: केवल 'संतति' में 'सम्' उपसर्ग (सम् + तति) सही है। अन्य के शुद्ध रूप:
  • स्वदेश = 'स्व' उपसर्ग (स्व + देश), सु नहीं।
  • अलंकार = 'अलम्' उपसर्ग (अलम् + कार)।
  • आरण्यक = 'अरण्य' मूल शब्द + 'अक' प्रत्यय (इसमें 'आ' उपसर्ग नहीं है)।
38. निम्नलिखित में से तत्सम शब्द छाँटिये :
(1) कुछ
(2) छवि
(3) खुजली
(4) धरती
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) छवि
विस्तृत व्याख्या: 'छवि' एक संस्कृत का शुद्ध (तत्सम) शब्द है। अन्य शब्द तद्भव हैं: कुछ (तत्सम: किंचित्), खुजली (तत्सम: खर्जु), धरती (तत्सम: धरित्री)।
39. 'या' प्रत्यय के योग से बना शब्द नहीं है -
(1) समस्या
(2) सवैया
(3) विद्या
(4) शय्या
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) सवैया
विस्तृत व्याख्या: 'सवैया' में 'या' नहीं बल्कि 'ऐया' प्रत्यय (सवा + ऐया) प्रयुक्त हुआ है।
40. 'अ' प्रत्यय के योग से बना शब्द नहीं है -
(1) मौन
(2) मोहन
(3) पार्थ
(4) शैव
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) मोहन
विस्तृत व्याख्या: 'मोहन' शब्द में 'अ' नहीं बल्कि 'अन' प्रत्यय (मुह् + अन) जुड़ा है। अन्य सभी में अपत्यवाचक/संबंधवाचक 'अ' प्रत्यय है: मुनि + अ = मौन, पृथा + अ = पार्थ, शिव + अ = शैव।
41. किस विकल्प के सभी शब्द तत्सम हैं ?
(1) भ्राता, मोर
(2) लवण, निबंध
(3) पुहुप, हस्त
(4) मोती, हीरक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) लवण, निबंध
विस्तृत व्याख्या: 'लवण' और 'निबंध' दोनों ही संस्कृत के शुद्ध तत्सम शब्द हैं। अन्य विकल्पों में तद्भव शब्द शामिल हैं:
  • (1) मोर (तद्भव है, तत्सम: मयूर)
  • (3) पुहुप (पुष्प का तद्भव रूप है। परीक्षार्थी द्वारा इसे टिक करना गलत है)
  • (4) मोती (तद्भव है, तत्सम: मौक्तिक)
42. निम्नलिखित में से देशज शब्द है :
(1) कनस्तर
(2) ठुमरी
(3) चकमक
(4) टीन
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) ठुमरी
विस्तृत व्याख्या: 'ठुमरी' भारतीय संगीत की एक विधा है जो मूलतः क्षेत्रीय (देशज) शब्द है। 'कनस्तर' (Canister) और 'टीन' (Tin) अंग्रेजी के शब्द हैं। 'चकमक' मूल रूप से तुर्की (Turkic) भाषा का विदेशी शब्द है।
43. निम्नलिखित शब्दों में से अर्द्धतत्सम शब्द का चयन कीजिए :
(1) विकर्ण
(2) बच्चा
(3) आग
(4) खेत
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution व्याख्या देखें
विस्तृत व्याख्या: इस प्रश्न के विकल्प तकनीकी रूप से थोड़े अस्पष्ट हैं। 'आग' (अग्नि) और 'खेत' (क्षेत्र) पूर्णतः तद्भव हैं। 'बच्चा' भी 'वत्स' का तद्भव रूप है (वत्स का अर्द्धतत्सम रूप 'बच्छ' होता है, 'बच्चा' नहीं)। यदि RPSC ने 'बच्चा' को सही माना है तो वह 'बच्छ' के भ्रम में हो सकता है, परंतु व्याकरणिक रूप से इसमें कोई भी स्पष्ट अर्द्धतत्सम (जैसे- अगिन, कारज, अच्छर) नहीं है। (विकल्प 1 'विकर्ण' एक पूर्ण तत्सम शब्द है)।
44. निम्न में तद्भव शब्द है :
(1) एकादश
(2) गोस्वामी
(3) घात
(4) खाँसी
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) खाँसी
विस्तृत व्याख्या: 'खाँसी' एक तद्भव शब्द है, जिसका संस्कृत तत्सम रूप 'कास' होता है। सामान्यतः चन्द्रबिंदु (ँ) वाले शब्द तद्भव ही होते हैं। अन्य तीनों (एकादश, गोस्वामी, घात) तत्सम हैं।
45. इनमें से कौन सा शब्द तद्भव नहीं है ?
(1) बूँद
(2) खीर
(3) आँख
(4) धूप
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) धूप
विस्तृत व्याख्या: 'धूप' संस्कृत का तत्सम शब्द है। अन्य सभी तद्भव हैं: बूँद (तत्सम: बिंदु), खीर (तत्सम: क्षीर), और आँख (तत्सम: अक्षि)।
46. इनमें से विदेशी शब्द है -
(1) आल्हा
(2) वकील
(3) जीभ
(4) घड़ा
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) वकील
विस्तृत व्याख्या: 'वकील' अरबी भाषा का शब्द है, अतः यह विदेशी है। अन्य शब्द: आल्हा (देशज/हिंदी), जीभ (तद्भव, इसका तत्सम जिह्वा है), घड़ा (तद्भव, इसका तत्सम घट है)।
47. निम्न में से भाववाचक संज्ञा है :
(1) नींद
(2) भारतेन्दु
(3) कुटुम्ब
(4) धातु
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) नींद
विस्तृत व्याख्या: 'नींद' एक अवस्था या भाव का नाम है, अतः यह भाववाचक संज्ञा है। 'भारतेन्दु' व्यक्तिवाचक संज्ञा है, 'कुटुम्ब' समूहवाचक संज्ञा है, और 'धातु' जातिवाचक/द्रव्यवाचक संज्ञा है।
48. सर्वनाम से निर्मित संज्ञा शब्दों का समूह है -
(1) दूरस्थ, बुराई
(2) स्वत्व, ममत्व
(3) दोस्ती, धिक्कार
(4) ऊँचा, कसैला
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) स्वत्व, ममत्व
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (2) में स्व (निजवाचक सर्वनाम) + त्व = स्वत्व और मम (सर्वनाम) + त्व = ममत्व बने हैं। अतः ये सर्वनाम से बनी भाववाचक संज्ञाएं हैं। बुराई (बुरा विशेषण से), दोस्ती (दोस्त जातिवाचक संज्ञा से) बनी है।
49. 'वह कौन है, जो पड़ा रो रहा है।' वाक्य में रेखांकित शब्द ('जो') है -
(1) अनिश्चयवाचक सर्वनाम
(2) सम्बन्धवाचक सर्वनाम
(3) निजवाचक सर्वनाम
(4) निश्चयवाचक सर्वनाम
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) सम्बन्धवाचक सर्वनाम
विस्तृत व्याख्या: वाक्य में 'जो' शब्द दो उपवाक्यों के बीच संबंध स्थापित कर रहा है (जो... वह)। अतः 'जो' एक सम्बन्धवाचक सर्वनाम है।
50. किस विकल्प में निश्चयवाचक सर्वनाम का प्रयोग नहीं हुआ है ?
(1) वे पराक्रमी बालक हैं।
(2) ये सब बातें हरिश्चन्द्र में सहज हैं।
(3) यह नया नियम नहीं है।
(4) बड़ा पद मिलने से कोई बड़ा नहीं होता।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) बड़ा पद मिलने से कोई बड़ा नहीं होता।
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (4) में प्रयुक्त 'कोई' एक अनिश्चयवाचक सर्वनाम है। अन्य विकल्पों में 'वे', 'ये' और 'यह' निश्चयवाचक सर्वनाम के रूप में प्रयुक्त हुए हैं जो किसी निश्चित वस्तु या व्यक्ति की ओर संकेत कर रहे हैं।
51. किस विकल्प में सभी शब्द गुणवाचक विशेषण के उदाहरण हैं ?
(1) समान, समूचा, सूखा
(2) सारा, नीचा, चौड़ा
(3) लंबा, पूरा, भारी
(4) टिकाऊ, स्थानीय, फीका
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) टिकाऊ, स्थानीय, फीका
विस्तृत व्याख्या: टिकाऊ (गुण), स्थानीय (स्थान बोधक गुण), फीका (स्वाद/रंग बोधक गुण) - ये सभी गुणवाचक विशेषण हैं। अन्य विकल्पों में समूचा, सारा, पूरा जैसे शब्द परिमाणवाचक या संख्यावाचक विशेषण की श्रेणी में आते हैं।
52. किस विकल्प में विशेषण शब्द है ?
(1) अभ्यास
(2) अमावस
(3) अमात्य
(4) अनुचित
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) अनुचित
विस्तृत व्याख्या: 'अनुचित' (Improper) एक विशेषण है, जो किसी संज्ञा की विशेषता बताता है (जैसे- अनुचित व्यवहार, अनुचित बात)। अन्य शब्द: अभ्यास (भाववाचक संज्ञा), अमावस (संज्ञा), अमात्य (जातिवाचक संज्ञा- जिसका अर्थ मंत्री होता है)।
53. निम्न में से किस वाक्य में क्रिया का अकर्मक रूप में प्रयोग हुआ है ?
(1) श्याम आम खाता है।
(2) राम स्कूल में पढ़ता है।
(3) सिपाही चोर को पकड़ता है।
(4) मोहन गेंद खेलता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) राम स्कूल में पढ़ता है।
विस्तृत व्याख्या: यद्यपि 'पढ़ना' मूलतः सकर्मक क्रिया है, किन्तु इस वाक्य में क्या पढ़ रहा है (किताब, पत्र आदि कर्म) मौजूद नहीं है, अतः यहाँ इसका अकर्मक प्रयोग हुआ है। अन्य वाक्यों में प्रत्यक्ष कर्म (आम, चोर, गेंद) स्पष्ट रूप से मौजूद हैं।
54. निम्नलिखित में से किस वाक्य में क्रिया के प्रेरणार्थक रूप का प्रयोग नहीं हुआ है ?
(1) पिता ने लड़के को कहानी सुनाई।
(2) मोहन मुझसे किताब लिखाता है।
(3) बच्चे को रोटी खिलाओ।
(4) वह घर आना चाहता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) वह घर आना चाहता है।
विस्तृत व्याख्या: प्रेरणार्थक क्रिया में कर्ता स्वयं कार्य न करके किसी अन्य को प्रेरित करता है। विकल्प (4) में कर्ता (वह) स्वयं आना चाह रहा है, इसमें कोई प्रेरणा नहीं है। परीक्षार्थी ने (1) चुना है जो गलत है, क्योंकि 'सुनना' से बनी प्रथम प्रेरणार्थक क्रिया 'सुनाना' (सुनाई) होती है। 'लिखना' से 'लिखाता' और 'खाना' से 'खिलाओ' भी प्रेरणार्थक हैं।
55. किस वाक्य में निपात का प्रयोग हुआ है ?
(1) पशु-पक्षी ही अपना हित समझते हैं।
(2) हमारे शिक्षक प्रश्न करते हैं।
(3) किसी आदमी को भेज दो।
(4) मैं आपके पास आया हूँ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) पशु-पक्षी ही अपना हित समझते हैं।
विस्तृत व्याख्या: वाक्य में प्रयुक्त 'ही' एक निपात (बलदायक अव्यय) है जो वाक्य के अर्थ पर विशेष बल डाल रहा है। निपात के अन्य उदाहरण: भी, तो, तक, मात्र, भर।
56. 'वह आजकल पढ़ रहा है' वाक्य में रेखांकित पद ('आजकल') क्रिया-विशेषण के किस भेद का उदाहरण है ?
(1) रीतिवाचक
(2) परिमाणवाचक
(3) कालवाचक
(4) स्थानवाचक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) कालवाचक
विस्तृत व्याख्या: 'आजकल' शब्द से क्रिया के होने के समय (काल) का बोध होता है। "वह कब पढ़ रहा है?" का उत्तर 'आजकल' मिलता है, अतः यह कालवाचक क्रिया-विशेषण है।
57. किस विकल्प में संबंधसूचक अव्यय का प्रयोग नहीं हुआ है ?
(1) वैसे तो राजा भी प्रजासेवक है।
(2) यह काम जाने से पहले करना चाहिए।
(3) धन के बिना किसी का काम नहीं चलता।
(4) नौकर मालिक के यहाँ रहता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) वैसे तो राजा भी प्रजासेवक है।
विस्तृत व्याख्या: संबंधसूचक अव्यय संज्ञा या सर्वनाम के बाद जुड़कर वाक्य के दूसरे शब्दों से संबंध बताते हैं। विकल्प (2) में 'से पहले', (3) में 'के बिना' और (4) में 'के यहाँ' संबंधसूचक अव्यय हैं। विकल्प (1) में 'तो' और 'भी' निपात हैं।
58. विस्मयादिबोधक अव्यय की दृष्टि से असंगत विकल्प है -
(1) स्वीकारबोधक - जी !
(2) आश्चर्यबोधक - धन्य !
(3) संबोधनद्योतक - अरे !
(4) तिरस्कारबोधक - छि: !
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) आश्चर्यबोधक - धन्य !
विस्तृत व्याख्या: 'धन्य !' शब्द हर्षबोधक या प्रशंसासूचक अव्यय है, यह आश्चर्य प्रकट नहीं करता। आश्चर्यबोधक अव्यय 'क्या!', 'हैं!', 'अहो!' आदि होते हैं।
59. किस विकल्प के सभी शब्द परस्पर पर्यायवाची नहीं हैं ?
(1) खड्ग, असि, करवाल
(2) मरुत, गंधवह, तरणी
(3) तम, तमिस्र, तिमिर
(4) शर, विशिख, शिलीमुख
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) मरुत, गंधवह, तरणी
विस्तृत व्याख्या: 'मरुत' और 'गंधवह' हवा (वायु) के पर्यायवाची हैं, किन्तु 'तरणी' (या तरणि) का अर्थ नाव या सूर्य होता है। यह हवा का पर्यायवाची नहीं है।
60. किस विकल्प के सभी शब्द परस्पर पर्यायवाची नहीं हैं ?
(1) छिद्र, रंध्र, विवर
(2) चावल, तंदुल, पायस
(3) पंक्ति, सरणि, पाँती
(4) युद्ध, रण, समर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) चावल, तंदुल, पायस
विस्तृत व्याख्या: चावल और तंदुल आपस में पर्यायवाची हैं, लेकिन 'पायस' का अर्थ 'खीर' या 'दूध' होता है। अतः यह समूह अशुद्ध है।
61. निम्नलिखित में से 'मोर' का पर्यायवाची नहीं है :
(1) केकी
(2) शिखी
(3) कलापी
(4) मंडूक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) मंडूक
विस्तृत व्याख्या: 'मंडूक' का अर्थ 'मेंढक' होता है (जैसे कूपमंडूक)। केकी, शिखी और कलापी ये तीनों मोर (मयूर) के पर्यायवाची हैं।
62. 'दीक्षा देने वाला' वाक्यांश के लिए उपयुक्त सार्थक शब्द है -
(1) दीक्षित
(2) दाक्षिण्य
(3) दीक्षक
(4) दीक्षांत
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) दीक्षक
विस्तृत व्याख्या: जिस प्रकार शिक्षा देने वाला 'शिक्षक' कहलाता है, उसी प्रकार दीक्षा देने वाला 'दीक्षक' (Initiator/Preceptor) कहलाता है। जिसने दीक्षा ली हो उसे 'दीक्षित' कहते हैं।
63. 'बहुज्ञ' का विलोम शब्द है -
(1) अभिज्ञ
(2) विज्ञ
(3) सर्वज्ञ
(4) अल्पज्ञ
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) अल्पज्ञ
विस्तृत व्याख्या: 'बहुज्ञ' का अर्थ है 'बहुत सी बातें जानने वाला'। इसका विलोम 'अल्पज्ञ' (थोड़ा जानने वाला) होगा।
64. असंगत विलोम शब्द है :
(1) तरल - ठोस
(2) न्यून - अधिक
(3) वैयक्तिक - सामूहिक
(4) उतरना - गिरना
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) उतरना - गिरना
विस्तृत व्याख्या: 'उतरना' का विलोम 'चढ़ना' होता है और 'गिरना' का विलोम 'उठना' होता है। उतरना और गिरना दोनों ही नीचे की दिशा में होने वाली क्रियाएं हैं, अतः ये विलोम नहीं हैं।
65. असंगत विलोम शब्द है -
(1) बड़ा - लंबा
(2) कृश - स्थूल
(3) ऋजु - वक्र
(4) गत - आगत
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) बड़ा - लंबा
विस्तृत व्याख्या: 'बड़ा' का विलोम 'छोटा' और 'लंबा' का विलोम 'ठिगना' या 'नाटा' होता है। ये दोनों विलोम युग्म नहीं बनाते। अन्य सभी (कृश-स्थूल, ऋजु-वक्र, गत-आगत) एकदम सही विलोम युग्म हैं।
66. किस विकल्प में वाक्यांश के लिए प्रयुक्त शब्द उपयुक्त नहीं है ?
(1) रंगमंच का परदा - यवनिका
(2) पूर्णिमा की रात - राका
(3) जिसकी रक्षा की गई हो - रक्षणीय
(4) योजना करने के योग्य - योज्य
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) जिसकी रक्षा की गई हो - रक्षणीय
विस्तृत व्याख्या: जिसकी रक्षा की गई हो उसे 'रक्षित' कहते हैं। 'रक्षणीय' का अर्थ होता है - जो 'रक्षा करने के योग्य' हो। अतः परीक्षार्थी द्वारा लगाया गया टिक गलत है, सही उत्तर (3) होगा क्योंकि यह उपयुक्त नहीं है।
67. किस विकल्प में वाक्यांश के लिए प्रयुक्त शब्द उपयुक्त है ?
(1) जिसका समय बीत गया हो - कालातीत
(2) कुछ समय के बाद - कालचक्र
(3) कामना पूरी करने वाला - काम्य
(4) करुणा का भाव - कारुणिक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) जिसका समय बीत गया हो - कालातीत
विस्तृत व्याख्या: केवल पहला विकल्प सही है (काल + अतीत = कालातीत)। गलतियों के कारण: (2) कुछ समय के बाद = कालांतर। (3) कामना पूरी करने वाला = कामद/कामधेनु। (4) करुणा का भाव = कारुण्य ('कारुणिक' वह व्यक्ति होता है जिसके अंदर करुणा हो)।
68. किस विकल्प में शब्द-युग्म का क्रमशः सही अर्थ है ?
(1) परिणीत - प्रणीत = अविवाहित - निवेदन
(2) कटिबन्ध - कटिबद्ध = कमरबन्द - तैयार
(3) उद्धत - उद्यत = अड़ा हुआ - थका हुआ
(4) परिहार - प्रहार = चोट - त्याग
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) कटिबन्ध - कटिबद्ध = कमरबन्द - तैयार
विस्तृत व्याख्या: कटिबन्ध (कमर में बाँधने वाला/कमरबंद) और कटिबद्ध (पूरी तरह से तैयार/तटस्थ) एकदम सही अर्थ है। अन्य के सही अर्थ: परिणीत (विवाहित), उद्धत (उदंड), उद्यत (तैयार), परिहार (त्यागना), प्रहार (चोट)।
69. निम्नलिखित में से किस शब्द-युग्म का क्रमशः सही अर्थ नहीं है ?
(1) गोपन - गोमय = छिपाना - गोबर
(2) गेय - गेह = गाने योग्य - घर
(3) चक्रचर - चक्रधर = कुम्हार - विष्णु
(4) चक्रवात - चक्रवाल = चकवा - बवंडर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) चक्रवात - चक्रवाल = चकवा - बवंडर
विस्तृत व्याख्या: यहाँ अर्थ उल्टा दिया गया है। 'चक्रवात' का अर्थ 'बवंडर/तूफ़ान' होता है और 'चक्रवाल' का अर्थ 'क्षितिज/दिशाओं का घेरा या चकवा पक्षी' होता है। अतः यह विकल्प सही नहीं है।
70. किस विकल्प में शब्द-युग्म का क्रमशः सही अर्थ नहीं है ?
(1) बलि - बली = उपहार - बलवान
(2) मेघ - मेध = बादल - यज्ञ
(3) मूल - मूल्य = जड़ - कीमत
(4) शुक - शूक = जौ - तोता
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) शुक - शूक = जौ - तोता
विस्तृत व्याख्या: यहाँ अर्थ का क्रम गलत है। 'शुक' का अर्थ 'तोता' (Parrot) होता है और 'शूक' का अर्थ 'जौ' या 'काँटा' होता है। अन्य सभी विकल्पों के अर्थ एकदम सही सुमेलित हैं।
71. 'कृति - कृती' शब्द-युग्म का क्रमशः सही अर्थ है -
(1) पुस्तक - तारिका
(2) कार्य - कीट
(3) चतुर - कीड़ा
(4) रचना - निपुण
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) रचना - निपुण
विस्तृत व्याख्या: 'कृति' (ह्रस्व इ) का अर्थ होता है 'रचना' (Creation) और 'कृती' (दीर्घ ई) का अर्थ होता है 'निपुण', 'कुशल' या 'पुण्यात्मा'।
72. निम्नलिखित में से शुद्ध शब्द है :
(1) दुस्कर
(2) प्रतिछाया
(3) आर्शिवाद
(4) अक्षौहिणी
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) अक्षौहिणी
विस्तृत व्याख्या: 'अक्षौहिणी' गुण संधि का एक विशेष अपवाद है (अक्ष + ऊहिनी = अक्षौहिणी), जो कि पूर्णतः शुद्ध है। अन्य अशुद्ध हैं; इनके शुद्ध रूप होंगे: दुष्कर (षट्कोण वाला 'ष'), प्रतिच्छाया (व्यंजन संधि: च् का आगम), और आशीर्वाद (रेफ 'व' पर लगेगा)।
73. किस विकल्प में सभी शब्द शुद्ध हैं ?
(1) वेदिक, दुपहर, निर्दोषी
(2) व्यवहारिक, यौवन, लघुत्तर
(3) प्रामाणिक, पौराणिक, यौगिक
(4) सौन्दर्यता, कौशल, बाहुल्यता
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) प्रामाणिक, पौराणिक, यौगिक
विस्तृत व्याख्या: विकल्प (3) के सभी शब्द 'इक' प्रत्यय लगने से बने हैं और शुद्ध हैं (प्रमाण+इक, पुराण+इक, योग+इक)। अन्य में अशुद्धियाँ: (1) वेदिक नहीं वैदिक, निर्दोषी नहीं निर्दोष होता है। (2) व्यवहारिक नहीं व्यावहारिक होता है। (4) सौन्दर्यता और बाहुल्यता अशुद्ध हैं; 'य' और 'ता' प्रत्यय एक साथ नहीं आते (शुद्ध: सौन्दर्य/सुंदरता, बाहुल्य/बहुलता)।
74. किस विकल्प के सभी शब्द शुद्ध हैं ?
(1) सोंचेंगे, तरंगे
(2) आंतरिक, जाँति-पाँति
(3) अँधेरा, चंचलता
(4) दुनियां, पूँछकर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) अँधेरा, चंचलता
विस्तृत व्याख्या: 'अँधेरा' (चन्द्रबिंदु) और 'चंचलता' (अनुस्वार) दोनों पूर्णतः शुद्ध हैं। अन्य में त्रुटियाँ: (1) सोचेंगे, तरंगें (2) जाति-पाँति (जाति पर चन्द्रबिंदु नहीं आता) (4) दुनिया (बिंदु नहीं), पूछकर (बड़े ऊ की मात्रा, चन्द्रबिंदु)।
75. अशुद्ध शब्द नहीं है (अर्थात् शुद्ध है) -
(1) विमूढ़
(2) प्रस्ताविक
(3) झौंपड़ी
(4) भगीरथी
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) विमूढ़
विस्तृत व्याख्या: 'विमूढ़' एकदम शुद्ध शब्द है। अन्य अशुद्ध हैं; इनके शुद्ध रूप: (2) प्रस्तावित या प्रास्ताविक (3) झोंपड़ी (4) भागीरथी।
76. किस विकल्प में अशुद्ध शब्द है ?
(1) आहार्य
(2) आस्तिक
(3) अभ्यगत
(4) अर्थान्तर
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) अभ्यगत
विस्तृत व्याख्या: 'अभ्यगत' अशुद्ध है। यण संधि के नियमानुसार 'अभि + आगत' मिलकर 'अभ्यागत' बनता है ('या' में आ की मात्रा होनी चाहिए)।
77. शुद्ध शब्द है -
(1) अनुसंगिक
(2) हिंग
(3) स्थायित्व
(4) शुद्धिकरण
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) स्थायित्व
विस्तृत व्याख्या: 'स्थायित्व' पूर्णतः शुद्ध है। अन्य के शुद्ध रूप: (1) आनुषंगिक (2) हींग (4) शुद्धीकरण ('करण' प्रत्यय जुड़ने पर अंत की 'इ' हमेशा दीर्घ 'ई' में बदल जाती है)।
78. अशुद्ध शब्द है -
(1) सौराष्ट्र
(2) स्वर्गिय
(3) स्निग्ध
(4) स्पर्श
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) स्वर्गिय
विस्तृत व्याख्या: 'स्वर्गिय' की वर्तनी अशुद्ध है, इसमें 'ईय' प्रत्यय लगता है, इसलिए इसका शुद्ध रूप 'स्वर्गीय' होगा।
79. अशुद्ध शब्द है -
(1) अध्यावसाय
(2) अभीष्ट
(3) अनुसरण
(4) अभ्यस्त
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) अध्यावसाय
विस्तृत व्याख्या: 'अध्यावसाय' अशुद्ध है। 'अधि + अवसाय' की यण संधि होने पर 'अध्यवसाय' बनता है, 'या' में आ की मात्रा नहीं आती। अन्य सभी शब्द शुद्ध हैं (अभि+इष्ट=अभीष्ट, अभि+अस्त=अभ्यस्त)।
80. अधिकरण कारक के परसर्ग 'में' का असंगत प्रयोग हुआ है -
(1) तुम्हारे घर में चार आदमी हैं।
(2) देवताओं में कौन अधिक पूज्य है ?
(3) हममें तुममें कोई भेद नहीं है।
(4) उनकी योग्यता काम में प्रकट होती है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) उनकी योग्यता काम में प्रकट होती है।
विस्तृत व्याख्या: विकल्प 4 में 'में' का प्रयोग असंगत है। शुद्ध वाक्य होना चाहिए: "उनकी योग्यता काम से प्रकट होती है" या "काम द्वारा प्रकट होती है।" (यहाँ माध्यम/करण कारक का भाव है, आधार/अधिकरण का नहीं)।
81. निम्नलिखित में से किस विकल्प में 'का' परसर्ग का प्रयोग सम्बन्ध कारक के लिए नहीं हुआ है ?
(1) तीन खंड का मकान।
(2) उसका घोड़ा दौड़ता है।
(3) वह तो जन्म का भिखारी है।
(4) पाँच हाथ का डंडा।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) वह तो जन्म का भिखारी है।
विस्तृत व्याख्या: 'जन्म का भिखारी' एक लाक्षणिक प्रयोग है जिसका वास्तविक अर्थ "जन्म से भिखारी" है। यहाँ 'का' परसर्ग अलगाव/मूल अवस्था (अपादान) या कारण को दर्शा रहा है, न कि दो संज्ञाओं के बीच स्वामित्व/संबंध को (जैसे- उसका घोड़ा)।
82. निम्नलिखित में से कौन सा शब्द पुल्लिंग नहीं है ? (अर्थात् स्त्रीलिंग है)
(1) कटहल
(2) सरसों
(3) सरोवर
(4) रायता
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) सरसों
विस्तृत व्याख्या: 'सरसों' एक स्त्रीलिंग शब्द है (जैसे वाक्य प्रयोग: सरसों पीली होती है, सरसों पक गई)। कटहल, सरोवर और रायता पुल्लिंग हैं (रायता फैल गया, कटहल पक गया)।
83. निम्नलिखित में से स्त्रीलिंग शब्द है :
(1) गेरू
(2) मिलान
(3) मोर
(4) मार्ग
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) गेरू (संभावित)
विस्तृत व्याख्या: यह प्रश्न थोड़ा विवादास्पद हो सकता है क्योंकि मानक हिंदी में ये चारों शब्द पुल्लिंग माने जाते हैं (मिलान किया गया, मोर नाचा, मार्ग लंबा है)। परंतु, 'गेरू' (लाल मिट्टी) को अक्सर मिट्टी/धूल की श्रेणी में रखकर कुछ क्षेत्रीय या पुरानी व्याकरणों में स्त्रीलिंग (गेरू घोली गई) भी मान लिया जाता है। अतः परीक्षा के दृष्टिकोण से सबसे उपयुक्त विकल्प (1) होगा।
84. निम्नलिखित में से सदैव एकवचन क्रिया के साथ प्रयुक्त होने वाला शब्द है :
(1) आग
(2) भाग्य
(3) दाम
(4) होश
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) आग
विस्तृत व्याख्या: द्रव्यवाचक (Material nouns) और भाववाचक संज्ञाएं सदैव एकवचन होती हैं (आग लग गई)। जबकि भाग्य, दाम, होश, दर्शन, प्राण, आँसू सदैव बहुवचन में प्रयुक्त होते हैं (उसके होश उड़ गए, दाम बढ़ गए)।
85. एकवचन - बहुवचन का बेमेल विकल्प है -
(1) डिब्बा - डिबिया
(2) चिड़िया - चिड़ियाँ
(3) वृद्ध - वृद्धजन
(4) डाली - डालियाँ
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) डिब्बा - डिबिया
विस्तृत व्याख्या: 'डिब्बा' का बहुवचन 'डिब्बे' होता है। 'डिबिया' बहुवचन नहीं है, बल्कि यह डिब्बा का छोटा (लघुतावाची) या स्त्रीलिंग रूप है। (डिबिया का बहुवचन 'डिबियाँ' होता है)।
86. 'सदा सुखी रहो।' वाक्य किस वृत्ति से संबंधित है ?
(1) इच्छार्थ
(2) निश्चयार्थ
(3) आज्ञार्थ
(4) संकेतार्थ
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) इच्छार्थ
विस्तृत व्याख्या: जब वाक्य में वक्ता की कोई इच्छा, कामना, शुभकामना या आशीर्वाद (Blessing) प्रकट होता है, तो वहाँ इच्छार्थ वृत्ति होती है।
87. किस विकल्प में मध्यम पुरुष का प्रयोग हुआ है ?
(1) हे रेवतक, तुम सेनापति को बुलाओ।
(2) कुंभलिक - मुझे क्या दोष है, यह तो हमारा कुल धर्म है।
(3) हम पहले भाग के आरम्भ में लिख आए हैं।
(4) जो बातें मुनि के पीछे हुई सो उनसे कह दीं।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) हे रेवतक, तुम सेनापति को बुलाओ।
विस्तृत व्याख्या: 'तुम', 'तू', 'आप' मध्यम पुरुष (सुनने वाले) के सर्वनाम हैं। विकल्प 2 और 3 में 'मुझे', 'हमारा', 'हम' (उत्तम पुरुष) हैं, और विकल्प 4 में 'उनसे' (अन्य पुरुष) है।
88. इनमें से संदिग्ध भूतकाल का प्रयोग किस वाक्य में है ?
(1) नगर में एक साधु आए हैं।
(2) राजा बैठे हैं।
(3) उसे हमारी चिट्ठी मिली होगी।
(4) मरा घोड़ा खेत में पड़ा है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) उसे हमारी चिट्ठी मिली होगी।
विस्तृत व्याख्या: भूतकाल की जिस क्रिया के पूरा होने पर संदेह हो (Probability in past), उसे संदिग्ध भूतकाल कहते हैं। "मिली होगी" से पता चलता है कि काम भूतकाल का है लेकिन पक्का नहीं है। अन्य सभी वाक्य पूर्ण वर्तमान काल (या आसन्न भूत) के हैं।
89. 'ऐसा करो जिसमें बात बन जाये।' वाक्य में काल है -
(1) सामान्य वर्तमान काल
(2) संदिग्ध वर्तमान काल
(3) संभाव्य भविष्यत् काल
(4) सामान्य भविष्यत् काल
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) संभाव्य भविष्यत् काल
विस्तृत व्याख्या: "बात बन जाये" से भविष्य में किसी कार्य के होने की संभावना या शर्त का बोध हो रहा है। जहाँ भविष्य की क्रिया में संभावना हो, वहाँ संभाव्य भविष्यत् काल होता है।
90. संयुक्त वाक्य का उदाहरण है -
(1) तुमको यह कब योग्य है कि बन में बसो।
(2) उन्हें न नींद आती थी, न भूख-प्यास लगती थी।
(3) जब सबेरा हुआ, हम लोग बाहर गए।
(4) हम चाहते हैं कि लड़के नीरोग रहें।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) उन्हें न नींद आती थी, न भूख-प्यास लगती थी।
विस्तृत व्याख्या: यह संयुक्त वाक्य है क्योंकि इसमें दो स्वतंत्र उपवाक्य संयोजक अव्यय ('न... न...') के माध्यम से जुड़े हैं। विकल्प 1 और 4 ('कि' से जुड़े) और विकल्प 3 ('जब-तब') मिश्र वाक्य के उदाहरण हैं।
91. 'आकाश में तारे निकलते हैं।' वाक्य में पक्ष है -
(1) नित्यताबाोधक अपूर्ण पक्ष
(2) पूर्णकालिक पक्ष
(3) आवृत्तिमूलक पक्ष
(4) सातत्यबोधक पक्ष
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) आवृत्तिमूलक पक्ष
विस्तृत व्याख्या: जिस क्रिया के अंत में 'ता है, ती है, ते हैं' लगा हो (सामान्य वर्तमान), वहाँ सामान्यतः आवृत्तिमूलक पक्ष (Iterative/Habitual aspect) माना जाता है क्योंकि क्रिया बार-बार (प्रतिदिन) होती है। परीक्षार्थी ने जो 'नित्यताबाोधक अपूर्ण पक्ष' चुना है, वह व्याकरणिक रूप से गलत शब्दावली है क्योंकि 'निकलते हैं' अपूर्ण (Continuous/रहा है) नहीं है।
92. भाववाच्य से संबंधित वाक्य है -
(1) तुमको यह लिखा जाता है।
(2) सिपाही सरदार बनाया गया।
(3) मेरे द्वारा पुस्तक पढ़ी गई।
(4) वहाँ कैसे बैठा जायेगा।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) वहाँ कैसे बैठा जायेगा।
विस्तृत व्याख्या: भाववाच्य में हमेशा अकर्मक क्रिया होती है और भाव (स्थिति/असमर्थता) की प्रधानता होती है ('बैठना' अकर्मक क्रिया है)। विकल्प 1 ('यह'), 2 ('सरदार'), और 3 ('पुस्तक') में कर्म मौजूद है, अतः वे कर्मवाच्य हैं।
93. किस विकल्प में कर्मवाच्य नहीं है ?
(1) यह फिर देखा जायेगा।
(2) रानी ने सहेलियों को बुलाया।
(3) इत्तला दी जाती है।
(4) मेरे द्वारा व्यायाम किया जाता है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) रानी ने सहेलियों को बुलाया।
विस्तृत व्याख्या: व्याकरण का पक्का नियम है: जब भी कर्ता के साथ 'ने' परसर्ग (विभक्ति) जुड़ा हो (रानी ने), तो वह वाक्य हमेशा कर्तृवाच्य ही होता है। अन्य सभी विकल्प कर्मवाच्य के हैं।
94. मिश्र वाक्य का उदाहरण है -
(1) आप सब प्रकार से समर्थ हैं, आप इस काम को कर सकते हैं।
(2) या तो आप स्वतः आइए या अपने नौकर को भेजिए।
(3) वहाँ जो कुछ देखने योग्य था, मैंने सब देख लिया।
(4) मुझे उन लोगों का भेद लेना था, सो मैं वहाँ ठहरकर उनकी बातें सुनने लगा।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (3) वहाँ जो कुछ देखने योग्य था, मैंने सब देख लिया।
विस्तृत व्याख्या: मिश्र वाक्य में एक प्रधान उपवाक्य और एक आश्रित उपवाक्य होता है, जो अक्सर जो-सो, जहाँ-वहाँ, जब-तब जैसे योजक युग्मों से जुड़े होते हैं। विकल्प 3 'जो...सब' युग्म पर आधारित मिश्र वाक्य है। विकल्प 2 और 4 संयुक्त वाक्य हैं।
95. 'श्याम को गाड़ी नहीं मिली क्योंकि वह समय पर नहीं गया।' वाक्य में रेखांकित उपवाक्य का प्रकार है -
(1) विशेषण उपवाक्य
(2) क्रिया-विशेषण उपवाक्य
(3) प्रधान उपवाक्य
(4) संज्ञा उपवाक्य
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) क्रिया-विशेषण उपवाक्य
विस्तृत व्याख्या: जो आश्रित उपवाक्य 'क्योंकि, इसलिए, यदि, यद्यपि' आदि से शुरू होते हैं और प्रधान उपवाक्य की क्रिया का कारण या शर्त बताते हैं, वे कारणवाचक क्रिया-विशेषण उपवाक्य कहलाते हैं।
96. 'यदि वह पढ़ाई करता, तो अवश्य उत्तीर्ण होता।' अर्थ के आधार पर यह वाक्य है -
(1) इच्छावाचक
(2) संकेतवाचक
(3) निषेधवाचक
(4) संदेहवाचक
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) संकेतवाचक
विस्तृत व्याख्या: जब एक क्रिया का होना दूसरी क्रिया पर निर्भर करे (Condition/शर्त), तो उसे संकेतवाचक वाक्य कहते हैं। यहाँ 'यदि...तो' संकेतवाचक के स्पष्ट सूचक हैं।
97. अशुद्ध वाक्य है -
(1) तुम वापस लौट जाओ।
(2) मैं प्रातःकाल पढ़ता हूँ।
(3) जज ने उसे मृत्युदण्ड दिया।
(4) मेरे पास केवल एक घड़ी है।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (1) तुम वापस लौट जाओ।
विस्तृत व्याख्या: इस वाक्य में अनावश्यक पुनरुक्ति दोष है। 'वापस' और 'लौट' दोनों का अर्थ एक ही होता है। शुद्ध वाक्य होगा: "तुम लौट जाओ" या "तुम वापस जाओ"।
98. साधारण उद्देश्य में प्रयुक्त नहीं होता है -
(1) विशेषण
(2) क्रिया-विशेषण
(3) संज्ञा
(4) सर्वनाम
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (2) क्रिया-विशेषण
विस्तृत व्याख्या: वाक्य के दो भाग होते हैं: उद्देश्य (कर्ता) और विधेय (क्रिया)। विशेषण, संज्ञा, और सर्वनाम उद्देश्य के भाग हो सकते हैं (जैसे: 'काला घोड़ा' में विशेषण + संज्ञा)। लेकिन 'क्रिया-विशेषण' हमेशा क्रिया की विशेषता बताता है, इसलिए वह विधेय का विस्तार होता है, उद्देश्य का नहीं।
99. अशुद्ध वाक्य है -
(1) हम अपनी माँगें प्रस्तुत करते हैं।
(2) जैन साहित्य प्राकृत में लिखा गया है।
(3) उपस्थित लोगों ने संकल्प किया।
(4) मैं उनका धन्यवाद करता हूँ।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) मैं उनका धन्यवाद करता हूँ।
विस्तृत व्याख्या: मानक हिंदी व्याकरण के अनुसार, 'धन्यवाद' एक भाववाचक संज्ञा है जिसे 'दिया' जाता है, 'किया' नहीं जाता। शुद्ध वाक्य होगा: "मैं उन्हें धन्यवाद देता हूँ" या "मैं उनका आभारी हूँ"। (अन्य सभी वाक्य शुद्ध हैं)।
100. शुद्ध वाक्य है -
(1) इसके बाद फिर क्या हुआ ?
(2) वह सचिवालय कार्यालय में लिपिक है।
(3) विन्ध्याचल पर्वत हिमालय से प्राचीन है।
(4) नौजवानों को आगे आना चाहिए।
(5) अनुत्तरित प्रश्न
DEOrbit Solution सही उत्तर: (4) नौजवानों को आगे आना चाहिए।
विस्तृत व्याख्या: केवल विकल्प 4 शुद्ध है। अन्य में पुनरुक्ति दोष (Redundancy) है:
  • (1) 'बाद' और 'फिर' एक साथ प्रयोग नहीं होते।
  • (2) 'सचिवालय' स्वयं एक कार्यालय है, अतः 'कार्यालय' शब्द अनावश्यक है।
  • (3) 'विन्ध्याचल' (विंध्य + अचल) में 'अचल' का अर्थ ही पर्वत है, अतः 'पर्वत' शब्द का प्रयोग अशुद्ध है।
DEOrbit - Final Ad Page
एक प्लेटफॉर्म, अनगिनत अवसर!

DEØrbit

Learn. Solve. Grow.

छात्र (Student)
डाउट पूछें, समाधान पाएं!
  • फोटो/PDF अपलोड करें और विशेषज्ञों से स्टेप-बाय-स्टेप हल प्राप्त करें
  • मॉक परीक्षा (Mock Exams) और एनालिटिक्स
  • अपनी स्टडी सीट बुक करें
विशेषज्ञ (Expert)
ज्ञान बांटें, कमाएं!
  • छात्रों के डाउट्स सॉल्व करें और हर सही स्टेप के लिए पेआउट (Payout) प्राप्त करें
  • अपनी सुविधानुसार काम करें
शिक्षक (Tutor)
अपनी शिक्षा को डिजिटल बनाएं!
  • परीक्षा (Exams) बनाएं और वीडियो अपलोड करें
  • अपना खुद का कंटेंट आसानी से मैनेज करें
समीक्षक (Reviewer)
गुणवत्ता और पॉलिसी सुनिश्चित करें!
  • प्लेटफॉर्म पर गुणवत्ता और पॉलिसी का पालन सुनिश्चित करें
  • आवश्यकता होने पर कंटेंट में बदलाव का अनुरोध करें
सीखें। समाधान करें। आगे बढ़ें। आज ही जुड़ें!
📥 ऐप इंस्टॉल करें
🔑 साइन इन (Sign In)
👨‍🏫 विशेषज्ञ (Expert) बनें
www.deorbit.cloud

© 2026 DEOrbit Learning Platform

No comments:

Post a Comment

DEOrbit.cloud - Science GK Paper Solution DE Orbit SOLUTION ...